उत्तर प्रदेश के बाराबंकी जिले की हैदरगढ़ विधानसभा सीट (Haidergarh Assembly) को किसी पहचान की जरूरत नहीं है. क्योंकि यहां से मुख्यमंत्री रहते हुए राजनाथ सिंह (Rajnath Singh) ने चुनाव लड़ा था. तो वहीं इस सीट से ही सपा के दिग्गज नेता अरविंद सिंह गोप (Arvind Singh Gop) ने अपने राजनीतिक सफर की शुरुआत की. बसपा के बड़े नेता आरके चौधरी (RK Chaudhari) भी इस सीट से चुनाव लड़ चुके हैं. वर्तमान में इस सीट पर भाजपा का कब्जा है. 2017 के विधानसभा चुनाव में इस सीट पर भाजपा ने जीत दर्ज की थी. वहीं इस विधानसभा सीट की सबसे बड़ी खासियत यह है कि इसके बीचो बीच गोमती नदी बहती है. वहीं इस विधानसभा क्षेत्र में एक चीनी मिल भी है. यहां गन्ने की खेती प्रमुखता से की जाती है.
राजनीतिक इतिहास
आजादी के बाद से ही हैदरगढ़ विधानसभा सीट (Haidergarh Assembly) का नाम नहीं बदला. वहीं नए परिसीमन में 2012 में या सीट सुरक्षित हो गई. इस विधानसभा सीट पर अब तक पांच बार कांग्रेस, पांच बार बीजेपी और तीन बार सपा को जीत का स्वाद चखने को मिला है. आजादी के बाद 1951 में परिसीमन हुआ, जिसमें बाराबंकी जिले को कुल तीन विधानसभा सीटें मिली थीं. वहीं उस समय 20 सदस्य निर्वाचन प्रणाली थी. जिसके तहत हर विधानसभा सीट से 2 विधायक चुने जाते थे.
1989 में भाजपा के प्रत्याशी सुंदरलाल ने इस सीट से जीत दर्ज की. उन्होंने कांग्रेस के सुरेंद्रनाथ को हराया. 1991 में इस सीट पर कांग्रेस की जीत हुई और सुरेंद्र नाथ ने भाजपा प्रत्याशी को हराकर जीत दर्ज की. 1993 में इस सीट से भाजपा के सुंदरलाल दीक्षित की जीत हुई. 1996 में कांग्रेस प्रत्याशी सुरेंद्र नाथ फिर विजई हुए.
राजनाथ सिंह के लिए छोड़ी सीट
वहीं राजनाथ सिंह (Rajnath Singh) जब उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री बने तो इस विधानसभा सीट से उन्होंने उप चुनाव लड़ा. उस समय हैदरगढ़ विधानसभा सीट (Haidergarh Assembly) से कांग्रेस के विधायक सुरेंद्रनाथ थे. लेकिन 2001 में जब मुख्यमंत्री को इस सीट से उपचुनाव लड़ना था तो उन्होंने अपनी सीट छोड़ दी. जिसके कारण यह सीट चर्चा में रही. इस उपचुनाव में राजनाथ सिंह ने जीत हासिल की. 2002 के विधानसभा चुनाव में राजनाथ सिंह इस सीट से दोबारा निर्वाचित हुए. वहीं जब 2002 में ही राज्यसभा में सांसद निर्वाचित हुए तो उन्होंने इस विधानसभा सीट से इस्तीफा दे दिया. फरवरी 2003 में उप चुनाव हुए, जिसमें सपा के प्रत्याशी अरविंद सिंह गोप ने जीत दर्ज की. 2007 में अरविंद सिंह गोप इस सीट से दोबारा विधायक चुने गए लेकिन 2012 में यह सीट परिसीमन के बाद सुरक्षित हो गई. जिसके चलते अरविन्द सिंह गोप को अपनी सीट बदलनी पड़ी. इस बार हुए चुनाव में समाजवादी पार्टी की जीत हुई. उन्होंने बसपा के रामनारायण को 11529 मतों से हरा दिया. 2017 के विधानसभा चुनाव में भाजपा ने वैजनाथ रावत को अपना प्रत्याशी बनाया. उन्होंने चुनाव में सपा के प्रत्याशी राम मगन रावत को 33520 वोटों से हराकर इस सीट पर 2002 के बाद फिर कमल खिलाया.
जातीय समीकरण
बाराबंकी जनपद की हैदरगढ़ विधानसभा सीट (Haidergarh Assembly) में ब्राह्मण, क्षत्रिय और यादव मतदाताओं की संख्या ज्यादा है. इस विधानसभा सीट में 20 फ़ीसदी मतदाता ब्राम्हण हैं, 14 फ़ीसदी ठाकुर, 9 फ़ीसदी यादव, 9 फ़ीसदी कुर्मी और 14 फ़ीसदी दलित, 20 फ़ीसदी मुस्लिम मतदाता हैं.
कुल मतदाता – 339538
पुरुष मतदाता – 179614
महिला मतदाता – 159917
थर्ड जेंडर – 7
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