
विद्युत कटौती से परेशान ग्रामीणों ने उप केंद्र में की तोड़फोड़ (फोटो-न्यूजट्रैक)
विद्युत कटौती से परेशान ग्रामीणों ने उप केंद्र में की तोड़फोड़ (फोटो-न्यूजट्रैक)
Sonbhadra Crime News: ऊर्जा मंत्री के कड़े निर्देश और विभागीय अमले की बेहतरी के दावे के बावजूद रोस्टरिंग के अलावा ताबड़तोड़ बिजली कटौती का सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा है। इससे खफा ग्रामीणों का एक समूह विंढमगंज थाना क्षेत्र में नवनिर्मित केवाल विद्युत सब स्टेशन पर धमक पड़ा। बताते हैं कि पहले आए दिन कटौती और लो वोल्टेज के मसले पर उप केंद्र कर्मियों से कहासुनी हुई। इस दौरान बात इतनी बढ़ गई कि हाथापाई शुरू हो गई। इससे खफा ग्रामीण और उग्र हो गए और उपकेंद्र में घुस जमकर तोड़फोड़ की। रविवार की रात घटित इस वाकए की जानकारी विभागीय उच्चाधिकारियों को हुई तो हड़कंप मच गया। इसके बाद संबंधितों को कार्रवाई के निर्देश दिए गए।
उच्चाधिकारियों से मिले निर्देश के क्रम में सोमवार की दोपहर तहरीर विंढमगंज पुलिस को सौंप दी गई। इसके आधार पर पुलिस ने मामले की सच्चाई जांचनी शुरू कर दी है। बताते चलें कि विंढमगंज क्षेत्र की विद्युत आपूर्ति बेहतर करने के लिए केवाल गांव में कुछ माह पूर्व ही नए विद्युत उपकेंद्र का संचालन शुरू किया गया। इससे विढमगंज सहित 32 ग्राम पंचायतों को विद्युत आपूर्ति की जाती है। बताया जा रहा है कि पिछले 15 दिन से अंधाधुंध कटौती ने इलाके के लोगों का जीवन दुश्वार कर दिया है। बिजली आ भी रही है तो उसमें लो वोल्टेज एक बड़ी समस्या बनकर खड़ी हो जा रही है। इसको लेकर ग्रामीण कई दिनों से ऐतराज जता रहे थे। रविवार की सुबह भी ग्रामीणों ने बैठक कर आक्रोश जताया था।
उनका कहना था कि इस बारे में जब भी उपकेंद्र कर्मियों से बात की जाती है तो कभी 33 केवीए लाइन फेल बताई जाती है। कभी इंसुलेटर पंक्चर होने की बात कही जाती है। कभी रास्ते में फाल्ट तो कभी ओवरलोडिंग को जिम्मेदार ठहरा कर पल्ला झाड़ लिया जाता है। बताते हैं कि भारी उमस के बीच रविवार को भी जब बिजली की कटौती और लो वोल्टेज का सिलसिला बना रहा तो खफा ग्रामीणों का एक समूह रात में उपकेंद्र पर धमक पड़ा। बताया जाता है कि इसको लेकर ग्रामीणों और उपकेंद्र कर्मियों में जमकर कहासुनी हुई। बात इतनी बढ़ गई की हाथापाई भी शुरू हो गई। ग्रामीणों का उग्र रूप देख वहां तैनात कर्मी भाग खड़े हुए। आरोप है कि इसके बाद ग्रामीणों ने उप केंद्र में घुसकर जमकर तोड़फोड़ की और वहां से चलते बने।
घटना के समय मौजूद रहे एसएसओ धीरेंद्र कुमार और संविदा कर्मी संजय कुमार गुप्ता ने बताया कि वर्तमान में केवाल विद्युत सब स्टेशन पर विद्युत भार ओवरलोड हो जाने से अक्सर बिजली ट्रिप कर जा रही है। इसको देखते हुए बीते एक पखवारे से यहां स्थित तीनों फीडरों पर बारी-बारी से बिजली की कटौती करके विद्युत आपूर्ति सुचारु रखने का प्रयास किया जा रहा है। उनकी मानें तो इसी बात से खफा ग्रामीणों का एक समूह रविवार की रात केवाल विद्युत उपकेंद्र पर धमक पड़ा। बिजली की आपूर्ति दो नहीं तो अंजाम बुरा होगा कहते हुए उपकेंद्र के अंदर घुस आए और हाथापाई शुरू कर दी।
उपकेंद्र कर्मियों का दावा है कि सब स्टेशन में पड़े कागजात फाड़ दिए गए। विद्युत उपकरण और फर्नीचर में तोड़फोड़ की गई। ग्रामीणों की संख्या ज्यादा होने के कारण कर्मियों को वहां से भाग कर खुद को बचाना पड़ा। रात में ही अधिकारियों को सेलफोन से सूचित किया गया। उनसे मिली सूचना पर पुलिस उपकेंद्र पहुंची, लेकिन तब तक वहां आने वाले ग्रामीण जा चुके थे। अधिकारियों से मिले निर्देश के बाद केवाल विद्युत उपकेंद्र के एसएचओ धीरेंद्र सिंह और संविदा कर्मी मनदीप कुमार ने दोपहर में विंढमगंज थाने पहुंचकर वहां मौजूद मिले सब इंस्पेक्टर संजय सिंह को तहरीर सौंपी।
सब इंस्पेक्टर संजय सिंह ने कहा कि इस प्रकरण को लेकर ग्रामीणों को भी बुलाया गया है। दोनों पक्षों की बात सुनने के बाद आवश्यक कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। उधर, विद्युत विभाग के एसडीओ तीर्थराज कुमार ने सेलफोन पर हुई वार्ता में कहा कि किसी भी दशा में उपकेंद्र पर किसी को उपद्रव की इजाजत नहीं दी जा सकती। विद्युत उपकेंद्र पर तोड़फोड़ और कर्मियों से हाथापाई करने वालों के खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई कराई जाएगी।
कलप्रिट तहलका (राष्ट्रीय हिन्दी साप्ताहिक) भारत/उप्र सरकार से मान्यता प्राप्त वर्ष 2002 से प्रकाशित। आप सभी के सहयोग से अब वेब माध्यम से आपके सामने उपस्थित है।
समाचार,विज्ञापन,लेख व हमसे जुड़ने के लिए संम्पर्क करें।
