कमिश्नरेट में रह चुके दस आईपीएस संभाल रहे अलग-अलग जिले- प्रदेश के दस जिलों के कप्तान गौतमबुद्ध नगर कमिश्नरेट संभाल चुके महत्वपूर्ण पद
– संकल्प शर्मा से लेकर मीनाक्षी कात्यायन तक लंबी है फेहरिस्त सुशांत समदर्शी
नोएडा। गौतमबुद्ध नगर कमिश्नरेट में तैनात रहे दस आईपीएस अधिकारी वर्तमान में प्रदेश के दस जिलों की कप्तानी कर रहे हैं। ये अधिकारी डीसीपी व एडीसीपी के रूप में कमिश्नरेट में काम करके जा चुके हैं। सोमवार रात को नोएडा में तैनात डीसीपी महिला सुरक्षा मीनाक्षी कात्यायन को भदोही का एसपी बनाया गया। इनसे पहले यहां से नौ आईपीएस को प्रदेश के अलग-अलग जिलों में एसपी के रूप में भेजा गया था।
जनवरी 2020 में गौतमबुद्ध नगर कमिश्नरेट की शुरुआत हुई थी और आलोक सिंह को कमिश्नर बनाया गया था। इसके बाद कमिश्नरेट को तीन जोन नोएडा, सेंट्रल नोएडा व ग्रेटर नोएडा जोन में बांटा गया था। इन जोन में डीसीपी की तैनाती की गई थी। इसके अलावा तीनों जोन में एडीसीपी और महिला सुरक्षा, ट्रैफिक, मुख्यालय, अभिसूचना के लिए डीसीपी का पोस्ट बनी थी। इनमें सबसे पहले नोएडा जोन के डीसीपी रहे संकल्प शर्मा को बदायूं का कप्तान बनाया गया था। वह फिलहाल देवरिया के एसपी हैं। इसके बाद ग्रेटर नोएडा जोन के आरके सिंह को फतेहपुर का कप्तान बनाया गया। वह फिलहाल एटा के एसएसपी हैं।
इसके अलावा नोएडा जोन के डीसीपी रहे राजेश एस को झांसी, महिला डीसीपी वृंदा शुक्ला को चित्रकूट का एसपी बनाकर भेजा गया। ग्रेटर नोएडा के एडीसीपी रहे अंकुर अग्रवाल को चंदौली, डीसीपी ट्रैफिक रहे गणेश प्रसाद साहा को लखीमपुर खीरी का कप्तान बनाकर भेजा गया। डीसीपी ग्रेटर नोएडा रहे अभिषेक वर्मा को हापुड़, सेंट्रल नोएडा के एडीसीपी रहे इलामारन को अमेठी और डीसीपी क्राइम रहे अभिषेक को शामली का एसपी बनाकर भेजा गया।
डटे हुए हैं डीसीपी हरीश चंदर
वर्ष 2020 में कमिश्नरेट बनने के बाद आईपीएस हरीश चंदर को डीसीपी के रूप में गौतमबुद्घ नगर भेजा गया था। वह यहां अब तक महत्वपूर्ण भूमिका में बने हुए हैं। कमिश्नरेट की व्यवस्था में भी उनकी महत्वपूर्ण भूमिका रही है। शुरूआत में हरीश चंदर को सेंट्रल नोएडा जोन का डीसीपी बनाया गया था। वर्तमान में वह नोएडा जोन संभाल रहे हैं।
