नाम अभिषेक मिश्रा। IIT रुड़की से मैकेनिकल इंजीनियरिंग में बीटेक किया। एक कंपनी में 20 लाख के पैकेज पर जॉब की। जॉब छोड़कर 3 साल पहले मथुरा आ गया। धार्मिक संस्था से जुड़ा। किराए के घर में रहकर ऑनलाइन प्रवचन शुरू कर दिए।
नाम बदलकर आदिकर्ता नारायण दास रख लिया। पढ़े–लिखे बाबा से पढ़े–लिखे नौजवान जुड़ने लगे। यह उन्हें मथुरा बुलाने लगा।लड़के–लड़कियों के गंधर्व विवाह करवाने लगा, जिसमें परिवार की सहमति की जरूरत नहीं होती।
मथुरा के गोवर्धन में एक और ‘हवस का पुजारी’ गिरफ्तार। आरोप है कि धार्मिक शिक्षा देने वाले अभिषेक मिश्रा ने प्रसाद के नाम पर एक छात्रा को नशीला दूध पिलाकर उसके साथ दुष्कर्म किया और फोटो-वीडियो बनाकर ब्लैकमेल करता रहा।
आरोप है कि दुष्कर्म के बाद बनाए गए फोटो-वीडियो के सहारे वह पीड़िता को लगातार ब्लैकमेल करता रहा और उससे ₹5 लाख की मांग की। पीड़िता छत्तीसगढ़ की एक नर्सिंग छात्रा है। बताया जाता है कि अभिषेक मिश्रा, जो बाद में साधु का वेश धारण कर ‘आदिकर्ता नारायण दास’ के नाम से पहचान बनाने लगा, स्वयं को हिंदू संत बताता था।
पीड़िता के अनुसार, आरोपी ने फोटो-वीडियो वायरल करने की धमकी देकर ₹5 लाख की मांग की। जब उत्पीड़न और ब्लैकमेलिंग बढ़ गई, तो छात्रा ने हिम्मत जुटाकर SSP से शिकायत की। शिकायत के बाद पुलिस ने मामला दर्ज कर कार्रवाई शुरू की।
SSP के निर्देश पर FIR दर्ज होते ही पुलिस ने राधाकुंड स्थित आरोपी के ठिकाने पर छापा मारा। जांच के दौरान जो सामने आया, उसने सभी को हैरान कर दिया। पुलिस के मुताबिक आरोपी के मोबाइल से 12 से अधिक युवक-युवतियों के आपत्तिजनक फोटो-वीडियो मिले हैं। वहीं मौके से दो युवतियों और एक युवक को भी पकड़ा गया, जिनसे पूछताछ जारी है।
ऐसे कपल को कुछ दिन अपने पास कमरे पर रखता। प्रसाद के नाम पर लड़कियों को नशीला दूध पिलाता। बेहोश करके आपत्तिजनक तस्वीरें खींच लेता। ब्लैकमेल करके उनसे लाखों रुपए वसूलता।
इन्हीं पैसों से अभिषेक मिश्रा ने मथुरा में अपना खुद का घर खरीद लिया। मोबाइल में करीब दर्जनों लड़कियों के साथ आपत्तिजनक फोटो मिले हैं। आज जेल भेज दिया गया है।
