विकास योजनाओं को गति देने के लिए भूमि उपलब्धता पर डीएम का विशेष जोर
जिलाधिकारी अरविन्द सिंह ने ग्राम विकास संस्थान एवं शेल्टर होम के लिए भूमि आरक्षित करने के दिए आदेश
भूमि आवंटन से जनपद में प्रस्तावित विकास योजनाओं को मिलेगा धरातल पर मूर्त रूप
एटा। जनपद में विभिन्न विकास योजनाओं एवं परियोजनाओं को धरातल पर प्रभावी रूप से क्रियान्वित किए जाने के लिए आवश्यक भूमि की उपलब्धता सुनिश्चित करने हेतु जिलाधिकारी अरविन्द सिंह द्वारा निरंतर प्रयास किए जा रहे हैं। इसी क्रम में जिलाधिकारी द्वारा संबंधित विभागों को आवश्यक भूमि उपलब्ध कराने की दिशा में महत्वपूर्ण कार्यवाही करते हुए आदेश निर्गत किए गए हैं।
जिलाधिकारी द्वारा कार्यालय जिला ग्राम्य विकास संस्थान की स्थापना/संचालन के लिए चपरई सिकन्दरपुर, परगना एटा सकीट में 2.5 हेक्टेयर भूमि आरक्षित की गई है। इसके साथ ही नगर विकास विभाग के अंतर्गत पीवीसी सेन्टर एवं शेल्टर होम के लिए 1.5 हेक्टेयर भूमि आरक्षित करते हुए आवश्यक आदेश जारी किए गए हैं।
जिलाधिकारी ने संबंधित विभागों को भूमि आवंटन एवं आगे की आवश्यक कार्यवाही के संबंध में पत्राचार करते हुए निर्देशित किया है कि सभी आवश्यक प्रक्रियाएं समयबद्ध ढंग से पूर्ण की जाएं, जिससे प्रस्तावित योजनाओं को शीघ्र धरातल पर उतारा जा सके।
जिलाधिकारी अरविन्द सिंह ने कहा कि जनपद के समग्र एवं संतुलित विकास के लिए योजनाओं के क्रियान्वयन हेतु भूमि की उपलब्धता अत्यंत महत्वपूर्ण है। प्रशासन का प्रयास है कि आवश्यक भूमि की उपलब्धता सुनिश्चित कर विकास परियोजनाओं को समयबद्ध रूप से मूर्त रूप प्रदान किया जाए, ताकि जनपदवासियों को इन योजनाओं का प्रत्यक्ष लाभ प्राप्त हो सके।
