वृक्षारोपण महाअभियान को सफल बनाने के लिए सभी विभाग करें समन्वित प्रयास : सीडीओ
वन महोत्सव के अंतर्गत जनपद में लगाए जाएंगे 28 लाख पौधे
विद्यालयों में ‘नेचर सेवर’ बनेंगे छात्र, पर्यावरण संरक्षण का देंगे संदेश
एटा। जिलाधिकारी अरविन्द सिंह के निर्देशों के क्रम में जिला गंगा पर्यावरण एवं वृक्षारोपण समिति की बैठक मुख्य विकास अधिकारी राजेंद्र प्रसाद मिश्र की अध्यक्षता में विकास भवन स्थित शताक्षी सभागार में आयोजित की गई।
बैठक में वृक्षारोपण एवं पर्यावरण संरक्षण से संबंधित विभिन्न बिंदुओं पर विस्तार से चर्चा की गई।प्र0 निदेशक सामाजिक वानिकी विपिन कुमार ने जानकारी देते हुए बताया कि विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर प्रदेश में लगभग 5 करोड़ पौधों का रोपण किया जा चुका है, जबकि जनपद एटा में लगभग 5 लाख पौधे लगाए जा चुके हैं।
उन्होंने बताया कि आगामी 1 जुलाई से प्रारंभ होने वाले वन महोत्सव के अंतर्गत शासन द्वारा जनपद एटा को लगभग 27 लाख पौधे रोपित किए जाने का लक्ष्य प्राप्त हुआ है। उन्होंने सभी विभागों से अपील की कि वे अपनी-अपनी कार्ययोजनाएं पूर्ण कर निर्धारित लक्ष्य की प्राप्ति हेतु सतत रूप से कार्य करें। जिन विभागों को पौधों की आवश्यकता है, वे समय से अपनी मांग प्रस्तुत करें, जिससे वृक्षारोपण कार्यक्रम में किसी प्रकार की अनावश्यक देरी न हो।
बैठक में जिला गंगा समिति के अंतर्गत पर्यावरण संरक्षण को जनभागीदारी से जोड़ने पर विशेष बल दिया गया। इस दौरान सुझाव दिया गया कि बेसिक शिक्षा अधिकारी जनपद के प्रत्येक परिषदीय विद्यालय की प्रत्येक कक्षा से दो-दो छात्रों को ‘प्रकृति रक्षक’ अथवा ‘नेचर सेवर’ के रूप में नामित करें। इन बच्चों के माध्यम से अन्य विद्यार्थियों को भी पर्यावरण संरक्षण एवं वृक्षों की देखभाल के लिए प्रेरित किया जाएगा। छात्र पौधों के रोपण, सिंचन एवं संरक्षण में सहयोग प्रदान कर प्रकृति को हरा-भरा बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।
बैठक में यह भी कहा गया कि पर्यावरण संरक्षण के लिए वृक्षारोपण वर्तमान समय की अनिवार्य आवश्यकता है, वृक्षारोपण के साथ-साथ उनका संरक्षण तथा समय-समय पर देखभाल भी जरूरी है ताकि एक स्वस्थ पौधा वृक्ष का रूप ले सके, इसके साथ ही प्रदूषण फैलाने वाले बायोमेडिकल वेस्ट, ई-वेस्ट तथा प्लास्टिक अपशिष्ट के प्रभावी निस्तारण की व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश संबंधित नगरीय निकायों को दिए गए, ताकि किसी भी प्रकार का प्रदूषण फैलने से रोका जा सके।
बैठक में डीसी मनरेगा, उप निदेशक कृषि, उपायुक्त उद्योग, जिला कृषि अधिकारी, जिला उद्यान अधिकारी, जिला अधिकारी, जिला श्रम प्रवर्तन अधिकारी सहित जिला गंगा समिति के आर्यन गौड़ एवं अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।
