मौहरा घाट पर भव्य गंगा आरती, जनजागरूकता कार्यक्रमों में उमड़ा जनसैलाब
एटा। राज्य स्वच्छ गंगा मिशन, उत्तर प्रदेश के निर्देशानुसार जिला गंगा समिति एटा एवं संबंधित विभागों के संयुक्त तत्वावधान में शीतलपुर विकासखंड के मौहरा घाट स्थित काली नदी तट पर भव्य गंगा आरती एवं जनजागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य लोगों को नदियों के संरक्षण, स्वच्छता एवं पर्यावरण के प्रति जागरूक करते हुए जनसहभागिता को बढ़ावा देना रहा।
कार्यक्रम में मारहरा विधायक वीरेंद्र सिंह लोधी, भाजपा जिलाध्यक्ष प्रमोद गुप्ता, उत्तर प्रदेश राज्य महिला आयोग की सदस्य रेनू गौड़, मौहरा ब्लॉक प्रमुख रवि वर्मा तथा शीतलपुर विकासखंड के ब्लॉक प्रमुख पुष्पेंद्र कुमार लोधी सहित जनप्रतिनिधि, अधिकारी, सामाजिक कार्यकर्ता, छात्र-छात्राएं एवं बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे।
कार्यक्रम के अंतर्गत नुक्कड़ नाटक, भाषण प्रतियोगिता, गंगा क्विज, नीराथॉन, चित्रकला, पेंटिंग एवं रंगोली प्रतियोगिताओं सहित विभिन्न जनजागरूकता गतिविधियों का आयोजन किया गया। बीपीएस कॉलेज के छात्र-छात्राओं ने रंगोली एवं चित्रकला में प्रतिभाग किया, जबकि माई भारत के वॉलंटियर्स ने रंगोली, पेंटिंग एवं चित्रकला के माध्यम से नदी संरक्षण का संदेश दिया। एनसीसी कैडेट्स ने नीराथॉन में उत्साहपूर्वक सहभागिता की।
काशी की तर्ज पर जनपद में चौथी बार हुई भव्य गंगा आरती
कार्यक्रम का प्रमुख आकर्षण वाराणसी से आए आरतीवाचक एवं उनकी टीम द्वारा काशी की तर्ज पर प्रस्तुत की गई भव्य गंगा आरती रही। जनपद एटा में यह चौथी बार था जब काशी शैली में भव्य गंगा आरती का आयोजन किया गया। आरती के दौरान पूरा काली नदी तट भक्तिमय एवं आध्यात्मिक वातावरण से सराबोर हो गया।
सामाजिक वानिकी प्रभाग के प्रभागीय निदेशक विपिन वर्मा ने सभी अतिथियों का स्वागत करते हुए उन्हें गंगाजलि गंगाजल स्वरूप भेंट किया। उन्होंने नदी संरक्षण में जनभागीदारी की आवश्यकता पर बल दिया।
अतिथियों ने दिया नदी संरक्षण का संदेश
मारहरा विधायक वीरेन्द्र सिंह लोधी ने कहा कि नदियां हमारी प्राकृतिक धरोहर हैं और इनके संरक्षण के लिए सरकार के साथ-साथ समाज की सक्रिय भागीदारी भी आवश्यक है। उन्होंने स्थानीय लोगों से काली नदी को स्वच्छ एवं निर्मल बनाए रखने में सहयोग करने का आह्वान किया।
उत्तर प्रदेश राज्य महिला आयोग की सदस्य रेनू गौड़ ने कहा कि नदी संरक्षण में महिलाओं और युवाओं की भूमिका महत्वपूर्ण है। उन्होंने समाज के प्रत्येक वर्ग से नदी स्वच्छता एवं संरक्षण के अभियानों से जुड़ने की अपील की।
छात्र-छात्राओं और युवाओं ने दिया जागरूकता का संदेश
कार्यक्रम में विद्यार्थियों एवं युवाओं ने विभिन्न प्रतियोगिताओं और गतिविधियों के माध्यम से ‘नदी बचाएं, पर्यावरण बचाएं’ का संदेश दिया। भाषण, गंगा क्विज, चित्रकला, पेंटिंग और रंगोली के माध्यम से प्रतिभागियों ने गंगा एवं सहायक नदियों के महत्व, प्रदूषण की रोकथाम और स्वच्छता के प्रति जागरूक किया। नुक्कड़ नाटक के माध्यम से भी आमजन को नदी में कूड़ा-कचरा न डालने तथा जलस्रोतों को स्वच्छ रखने का संदेश दिया गया।
कार्यक्रम का संचालन दयानंद श्रीवास्तव एवं हिमांशु शर्मा, डब्ल्यूएफ द्वारा किया गया। कार्यक्रम के संयोजक के रूप में आर्यन गौड़, डीपीओ नमामि गंगे तथा सहयोगी के रूप में अमित सक्सेना, भूपेंद्र सिंह, दिनेश पाठक सहित अन्य अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने व्यवस्थाओं में सहयोग किया।
निरंतर होंगे जनजागरूकता कार्यक्रम : सीडीओ
कार्यक्रम के समापन अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी राजेंद्र प्रसाद मिश्रा ने सभी अतिथियों, प्रतिभागियों, अधिकारियों, कर्मचारियों एवं आमजन का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि नदियों के संरक्षण और जनभागीदारी को बढ़ाने के लिए इस प्रकार के जनजागरूकता कार्यक्रम निरंतर आयोजित किए जाने चाहिए। उन्होंने सभी से काली नदी सहित अन्य जलस्रोतों को स्वच्छ एवं संरक्षित रखने में अपनी भूमिका निभाने का आह्वान किया।
कार्यक्रम के दौरान उपस्थित लोगों ने नदी संरक्षण, स्वच्छता एवं पर्यावरण संरक्षण के प्रति जनभागीदारी बढ़ाने का संकल्प लिया। गंगा आरती के साथ कार्यक्रम का समापन हुआ और पूरा मौहरा घाट नदी संरक्षण एवं स्वच्छता के संदेश से गूंज उठा।
