शस्त्र लाइसेंस स्वैच्छिक समर्पण अभियान को मिल रहा व्यापक जनसमर्थन
गुंडा, गैंगस्टर व जिला बदर की प्रभावी कार्रवाई से सशक्त हो रही “भयमुक्त समाज” की अवधारणा
233 शस्त्र लाइसेंस स्वेच्छा से समर्पित, जिलाधिकारी ने पांच नागरिकों को प्रशस्ति पत्र देकर किया सम्मानित
एटा। जनपद एटा में शांति, कानून-व्यवस्था एवं सामाजिक सौहार्द को सुदृढ़ बनाने की दिशा में चलाया जा रहा स्वैच्छिक शस्त्र लाइसेंस समर्पण अभियान लगातार जनसमर्थन प्राप्त कर रहा है। जिलाधिकारी अरविन्द सिंह के नेतृत्व में असामाजिक तत्वों के विरुद्ध गुंडा एक्ट, जिला बदर एवं गैंगस्टर अधिनियम के अंतर्गत की जा रही प्रभावी एवं सतत कार्रवाई के सकारात्मक परिणाम सामने आ रहे हैं। इसी क्रम में जनपद में “भयमुक्त समाज” की अवधारणा को साकार करने हेतु नागरिक स्वेच्छा से अपने शस्त्र लाइसेंस समर्पित कर प्रशासन का सहयोग कर रहे हैं।
शुक्रवार को जिलाधिकारी अरविन्द सिंह ने अपने कार्यालय कक्ष में स्वेच्छा से शस्त्र लाइसेंस समर्पित करने वाले विजय केशव पाण्डेय, कौशल कुमार शर्मा, विवेक उपाध्याय, पवन सक्सेना तथा रामनाथ सिंह को प्रशस्ति पत्र प्रदान कर सम्मानित किया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि इन नागरिकों का निर्णय समाज के प्रति उत्तरदायित्व, कानून के प्रति सम्मान तथा प्रशासन पर विश्वास का परिचायक है। उन्होंने कहा कि जनपद में अब तक कुल 233 शस्त्र लाइसेंसधारी स्वेच्छा से अपने शस्त्र लाइसेंस समर्पित कर चुके हैं, जबकि 06 अन्य व्यक्तियों की शस्त्र लाइसेंस समर्पण संबंधी पत्रावलियां भी प्रक्रियाधीन हैं।
जिलाधिकारी ने जनपदवासियों से अपील करते हुए कहा कि जिन नागरिकों को अब शस्त्र रखने की आवश्यकता नहीं है, वे नैतिक दायित्व का निर्वहन करते हुए स्वेच्छा से अपने शस्त्र लाइसेंस समर्पित करें। इससे भयमुक्त, सुरक्षित एवं सौहार्दपूर्ण समाज की स्थापना को और अधिक बल मिलेगा तथा सामाजिक समरसता एवं कानून-व्यवस्था को सुदृढ़ बनाने में महत्वपूर्ण सहयोग प्राप्त होगा।
उन्होंने कहा कि प्रशासन का उद्देश्य केवल शस्त्र लाइसेंस समर्पित कराना नहीं, बल्कि समाज में शांति, सुरक्षा, जनविश्वास एवं जिम्मेदार नागरिकता की भावना को प्रोत्साहित करना है। जनसहभागिता से ही भयमुक्त समाज की परिकल्पना पूर्ण रूप से साकार हो सकेगी।
इस अवसर पर जिला अर्थ एवं संख्याधिकारी प्रदीप कुमार तथा शस्त्र लिपिक कुंवर मोहित सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।
