रानी लक्ष्मीबाई आत्मरक्षा प्रशिक्षण एवं प्रोजेक्ट अलंकार के कार्यों में गुणवत्ता व पारदर्शिता पर जोर
आत्मरक्षा प्रशिक्षकों के चयन में दक्षता एवं बालिकाओं की सुरक्षा को प्राथमिकता देने के निर्देश
प्रोजेक्ट अलंकार के तहत राजकीय विद्यालयों में विकास एवं मरम्मत कार्यों की गुणवत्ता सुनिश्चित करने के निर्देश
एटा। जिलाधिकारी अरविन्द सिंह की अध्यक्षता में आज कलेक्ट्रेट सभागार में रानी लक्ष्मीबाई आत्मरक्षा प्रशिक्षण के प्रशिक्षकों के चयन तथा प्रोजेक्ट अलंकार के अंतर्गत राजकीय तथा एडेड विद्यालयों में संचालित अनुदान योजना के तहत कार्यदायी संस्थाओं के चयन एवं विकास कार्यों की समीक्षा हेतु बैठक आयोजित की गई।
रानी लक्ष्मीबाई आत्मरक्षा प्रशिक्षण के संबंध में जिलाधिकारी ने कहा कि राजकीय विद्यालयों में अध्ययनरत बालिकाओं को आत्मरक्षा के गुर सिखाकर उन्हें विषम परिस्थितियों से निपटने में सक्षम बनाने के उद्देश्य से प्रशिक्षकों का चयन किया जाना है। जनपद स्तरीय समिति द्वारा मार्शल आर्ट में ब्लैक बेल्ट एवं प्रशिक्षित योग्य अभ्यर्थियों के चयन हेतु विज्ञापन जारी करने का निर्णय लिया गया। उन्होंने निर्देश दिए कि प्रशिक्षकों के चयन में दक्षता, अनुभव एवं बालिकाओं को गुणवत्तापूर्ण प्रशिक्षण देने की क्षमता का विशेष ध्यान रखा जाए। जिला प्रोबेशन अधिकारी एवं जिला क्रीड़ा अधिकारी आवश्यक सहयोग प्रदान करते हुए योग्य प्रशिक्षकों का चयन सुनिश्चित करें।
प्रोजेक्ट अलंकार के अंतर्गत राजकीय एवं एडेड विद्यालयों में संचालित सहयोगी अनुदान योजना के तहत कार्यदायी संस्थाओं के चयन, प्रस्तावित कार्यों, उपलब्ध बजट एवं कार्यों की प्रगति की समीक्षा की गई। जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि राजकीय एवं एडेड विद्यालयों में कराए जा रहे विकास एवं मरम्मत कार्य निर्धारित मानकों के अनुरूप उच्च गुणवत्ता के साथ समयबद्ध ढंग से पूर्ण किए जाएं। शेष विद्यालयों के मरम्मत कार्यों का आगणन शीघ्र तैयार कर आवश्यक कार्यवाही सुनिश्चित करने के भी निर्देश दिए।
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी राजेन्द्र प्रसाद मिश्र, अपर पुलिस अधीक्षक योगेन्द्र सिंह, एक्सईएन पीडब्लूडी ललित अग्रवाल,जिला विद्यालय निरीक्षक डॉ. इन्द्रजीत सिंह,जिला क्रीड़ा अधिकारी अरविन्द यादव,तहसीलदार सदर नीरज वार्ष्णेय, तहसीलदार जलेसर संदीप सिंह सहित संबंधित अधिकारी, विद्यालयों के प्रबंधक एवं प्रधानाचार्य आदि उपस्थित रहे।
